Saturday, March 2, 2019

कभी बुखार तो कभी तूफान हूँ ..


कभी बुखार तो कभी तूफान हूँ 
कभी झील तो कभी आसमान 
कभी तकलीफ हूँ 
जैसे सुई अटकी हुई गले में 
कभी मरहम हूँ 
खुद को ठीक करता हुआ 

कभी कहर हूँ जैसे कोई 
कभी चिंघाड़ हूँ 
मैं धरती हूँ कभी 
और कभी आग हूँ